ब्रेकिंग : वामा डेयरी प्राइवेट लिमिटेड का मामला थाने पहुंचा..माल के बदले लाखों का भुगतान ना करने का मामला..एक दर्जन से अधिक व्यापारिक प्रतिष्ठानों के खिलाफ शिकायत..देखिए सूची

ब्रेकिंग : वामा डेयरी प्राइवेट लिमिटेड का मामला थाने पहुंचा..माल के बदले लाखों का भुगतान ना करने का मामला..एक दर्जन से अधिक व्यापारिक प्रतिष्ठानों के खिलाफ शिकायत..देखिए सूची

बिगुल
रायपुर. दुग्ध उत्पाद कंपनी वामा डेयरी प्राइवेट लिमिटेड ने पुलिस में एक शिकायत दर्ज कराते हुए गैया' प्रॉडक्ट को बेचने वाली अपनी ही पार्टियों पर माल के बदले भुगतान न करने का गंभीर आरोप लगाया है. कंपनी का दावा है कि संबंधित पार्टियों ने उसे लाखों रूपये की चपत लगाई है. लाखों का माल ले लिया मगर उसका भुगतान आज तक नही किया.

वामा डेयरी प्राइवेट लिमिटेड के जनसंपर्क अधिकारी विवेक पटेल द्वारा देवेन्द्र नगर थाना में की गई शिकायत में कंपनी की ओर से कहा गया है कि मेसर्स वामा प्राइवेट लिमिटेड द्वारा दुग्ध एवं दुग्ध से बने पदार्थों का विक्रय किया जाता है. इस संबंध में उसने पूरे प्रदेश में कई व्यापारियों को एजेंसी ग्राहक बनाते हुए उन्हें कंपनी का प्राडक्ट बेचने का अनुबंध किया गया था. उसके बाद कंपनी द्वारा इन व्यापारियों को माल भी भेजा गया मगर वादे के मुताबिक इन व्यापारियों ने उन्हें भुगतान नही किया.

कंपनी की ओर से बार—बार निवेदन किया गया तथा अधिकृत तौर पर भुगतान के लिए पत्र भी लिखा गया मगर व्यापारियों ने भुगतान नही किया. इसके बाद थक हारकर वामा डेयरी प्राइवेट लिमिटेड ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए उन पर उचित कानूनी कार्यवाही करने तथा भुगतान दिलवाने की मांग की है.



कंपनी ने अपनी शिकायत में जिन व्यापारिक फर्मों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है, उनमें प्रमुख रूप से बजाज स्वीटस केक बिलासपुर, विनय कुमार मौर्य भिलाई, शुभा परफयुमरी वर्कस भिलाई, मां डेली निडस रिसाली, कामधेनु एजेंसी मोवा रायपुर, देवयानी इंटरप्राइजेस रायपुर, श्रीकांत सेल्स दुर्ग, दानिश इंटरप्राइजेस चरौदा, दीपक शर्मा बोरियाकला रायपुर, आरना प्रोविजन सडडू रायपुर, एमएस डिस्ट्रीब्यूटर हांडीपारा जैसी व्यापारिक संस्थाएं शामिल हैं.

इन फर्मों के खिलाफ 30 हजार से लेकर तीन लाख रूपये तक का बकाया वामा कंपनी का लेना निकलता है. इसके अलावा बहुत ही एजेंसियां ऐसी हैं जिनके पास छोटी रकम का भुगतान लंबित है. बहरहाल मामला पुलिस में पहुंचने के बाद कार्यवाही होना तय है.